वन एवं वन्यजीव संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण और दूरदर्शी कदम उठाते हुए, छत्तीसगढ़ के Balodabazar वन प्रभाग ने ‘युवा + वन’ नामक एक विशेष स्वयंसेवी कार्यक्रम शुरू किया है। इस पहल का उद्देश्य कॉलेज और स्कूली युवाओं को वन संरक्षण, जैव विविधता जागरूकता और वन्यजीव बचाव कौशल का प्रशिक्षण देकर प्रकृति के सक्रिय संरक्षक के रूप में शामिल करना है।
वन मंत्री केदार कश्यप के मार्गदर्शन में, यह कार्यक्रम केवल प्रशिक्षण के बारे में नहीं है, बल्कि युवाओं में पर्यावरणीय ज़िम्मेदारी का निर्माण भी करता है। ‘युवा स्वयंसेवक’ कहे जाने वाले स्वयंसेवकों को क्षेत्र भ्रमण, कार्यशालाओं और कौशल विकास मॉड्यूल के माध्यम से आवश्यक ज्ञान और व्यावहारिक अनुभव प्रदान किया जाएगा।
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इस कार्यक्रम की एक प्रमुख विशेषता सर्पदंश रोकथाम और बचाव का विशेष प्रशिक्षण है, जो स्वयंसेवकों को मानव सुरक्षा और वन्यजीव संरक्षण दोनों में योगदान करने में सक्षम बनाता है।
वन प्रभागीय वनाधिकारी धम्मशील गणवीर ने जिले के सभी छात्रों और संस्थानों से प्रकृति से जुड़ी इस यात्रा में सक्रिय रूप से भाग लेने की अपील की है। प्रतिभागियों को उनकी भागीदारी के लिए प्रमाण पत्र और सम्मान भी प्रदान किया जाएगा, जिससे यह प्रकृति से जुड़ने और सार्थक योगदान देने का एक सुनहरा अवसर होगा।


